BiharMuzaffarpurNational
Trending

सावन में घर से मिली नागिन और उसके 22 बच्चे, इलाके में मचा हड़कंप

रिपोर्ट: चंदन कुमार, मुजफ्फरपुर। सावन के महीने में भगवान शिव की पूजा की जाती है. इस महीने में सांप देखना बेहद शुभ माना जाता है. लेकिन अगर एकसाथ आपके सामने 23 सांप सामने आ जाये तो आप क्या करेंगे. ऐसी ही हैरान करने वाली एक घटना बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से सामने आई है. जहां सावन के इस शुभ महीने में बहुत दिन बाद एक विशान नागिन निकली. इतना ही नहीं उस नागिन के साथ उसके 22 बच्चे भी बिल से बाहर आये, जिसे देखते ही पूरे गांव में हड़कंप मच गया.

यह घटना मुजफ्फरपुर जिले में नगर थाना क्षेत्र के धर्मशाला चौक की है. जहां पान मंडी मुहल्ले में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई. जब अचानक एक बिल से नागिन अपने 22 बच्चों के साथ बाहर निकली. नागिन और उसके बच्चों को देखते ही घर के लोग काफी डर गए. वे अपने घर से बाहर निकल गए. जैसे ही इस बात की खबर गांव में फैली, नागिन और उसके बच्चों को देखने के लिए गांववालों की भीड़ जमा हो गई.

स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना फौरन वन विभाग की टीम को दी. घटनास्थल पर पहुंची वन विभाग की टीम को भी नागिन और उसके बच्चों को पकड़ने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी. लेकिन नाग को नहीं पकड़ा जा सका है. वह विभाग के अधिकारी ने कहा कि गायब नाग की तलाश जारी है, उसे भी जल्द ही पकड़ लिया जायेगा.

इससे पहले बीते 6 जुलाई को भी मध्य प्रदेश में भी भारी संख्या में सांप मिले थे. सोमवार को जिले के भीमपुर ब्लॉक में स्थित चूनालोहमा ग्राम पंचायत के भुरूढाना में कई सांप मिले. किसान चिंधु के घर के पास सांप के बिल में से एक-एक कर दर्जनों सांप बाहर निकल पड़े, जिसे देखते ही लोग हैरान हो गए. इसकी जानकारी लगते ही दूध और पूजन सामग्री लिए ग्रामीणों का पूजा-अर्चना के लिए हुजूम लग गया.किसान चिंधु पाटनकर के घर से निकले दर्जनों सांप को एक बर्तन में रखा गया.

सावन का महीना होने से ग्रामीणों ने उनके दर्शन करने के साथ ही पूजा-अर्चना की. ग्रामीणों का कहना है कि सावन माह में सांपों के दर्शन होना शुभ माना जाता है. इस संबंध में चिंधु का कहना है कि लोगों की आस्था को देखते हुए कुछ समय इन्हें रखा और फिर पूजा-पाट के बाद सांपों को जंगल में छोड़ दिया गया.

Tags
Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Close
%d bloggers like this: