चंदन कुमार की रिपोर्ट। वाणीश्री न्यूज़, मुजफ्फरपुर। जिले में पिछले साल की तरह इस बार भी मुहर्रम के मौके पर ताजिया या जुलूस निकाले जाने पर पाबंदी रहेगी। इस मौके पर लाउडस्पीकर या डीजे आदि बजाने पर रोक भी कायम रहेगी। जिला शांति समिति की बैठक में जिला प्रशासन ने नर्णिय लेते हुए यह आदेश जारी किया है। मुहर्रम को पूरी तरह कोविड प्रोटोकॉल के तहत मनाने का नर्णिाय लिया गया है।

इस मौके पर असामाजिक तत्वों पर विशेष निगरानी के नर्दिेश अधिकारियों को दिए गए हैँ। कलेक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को डीएम प्रणव कुमार की अध्यक्षता में जिला शांति समिति की बैठक की गई। बैठक में मुहर्रम के मौके पर शांति व शौहाद्र्र बनाये रखने की अपील लोगों से की गई व कोविड प्रोटोकॉल के पालन का नर्दिेश दिया गया। बैठक में एसएसपीप जयंतकांत भी शामिल थे। शांति समिति के सदस्यों से स्थिति की जानकारी लेने के बाद कहा कि कोविड संक्रमण का असर धार्मिक आयोजिनों पर भी पड़ा है।

अभी भी हमें सतर्क रहने की आवश्यकता है क्योंकि खतरा टला नहीं है। सामाजिक व धार्मिक आयोजनों में जमा होने वाली भीड़ से संक्रमण फैलने का खतरा है, इसलिए मुहर्रम को भी परिवार में घर के अंदर मनाया जाना चाहिए। डीएम ने ने कहा कि मुहर्रम के अवसर पर आयोजित धार्मिक प्रथाओं को अपने घरों में करें तथा पर्व से जुड़ी हुई मान्यताओं का पालन बिना किसी विशेष आयोजन के कारोना प्रोटोकॉल के अनुरूप करें। उन्होंने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार द्वारा जारी आदेश का पालन किया जाये।

उन्होंने कहा कि सामाजिक सद्भावना , प्रेम एवं भाईचारा कायम करने में शांति समिति के के सदस्यों के अहम भूमिका रही है। बैठक में अपर समाहर्ता राजेश कुमार जिला परिषद अध्यक्ष इंद्रा देवी ,अपर समाहर्ता राजेश कुमार, अपर समाहर्ता आपदा डॉ अजय कुमार,अनुमंडल पदाधिकारी पूर्वी कुंदन कुमार एवं पश्चिमी अनिल कुमार दास , डीपीआरओ कमल सिंह के साथ बिहार मोटर ट्रांसपोर्ट फेडरेशन के अध्यक्ष उदय शंकर सिंह मोतीलाल छाबड़िया, संजय केजरीवाल सहित बड़ी संख्या में शांति समिति के सदस्य उपस्थित थे।

Previous articleजर्जर सरक से आक्रोशित लोगों ने किया प्रदर्शन
Next articleमुजफ्फरपुर में नोनिया सेना तैयार करने को लेकर पहल शुरू