वाणीश्री न्यूज़, पटना । पटना-बिहार में वायरल बुखार बच्चों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है।वायरल बुखार के मामले इतनी तेजी से बढ़ रहे हैं कि अब राज्य सरकार अलर्ट बोर्ड में आ गई है। प्रदेश के अंदर बच्चों में वायरल बुखार के बढ़ते मामलों को लेकर सभी मेडिकल कॉलेज अस्पताल, जिला अस्पतालों और प्राथमिक चिकित्सा अस्पतालों को अलर्ट किया गया है। स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने बच्चों के स्वास्थ्य में हो रहे बदलाव को गंभीरता से लेने और उनके इलाज को प्राथमिकता में शामिल करने का निर्देश दिया है।
इतना ही नहीं विशेषज्ञ डॉक्टरों की तीन टीमों को मुजफ्फरपुर, गोपालगंज और सीवान भेजा गया है। इधर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ हाईलेवल मीटिंग कर रहे हैं। इस मीटिंग में सीएम वायरल और स्वाइन फ्लू को लेकर अधिकारियों से बातचीत किया या। मंगल पांडेय ने कहा कि सरकार लगातार डॉक्टरों से बातचीत कर रही है। अबतक की बातचीत में यही पता चला है कि यह वायरल फीवर है। इस मौसम में इस तरह के मामले पहले भी आये हैं। सरकार सजगता से इस ओर काम कर रही है। अस्पताल में जो भी बच्चे इलाज के लिए आ रहे हैं, उनमें भी वायरल फीवर के ही लक्षण हैं। उसी की दवाएं भी चलाई जा रही हैं और बच्चों को इससे लाभ भी हो रहा है।
मंत्री ने कहा कि विशेषज्ञ डॉक्टरों की तीन टीमों को मुजफ्फरपुर, गोपालगंज और सीवान भेजा गया है। ये टीम जमीनी स्तर पर सभी चीजों की जांच कर रही है। इसकी रिपोर्ट विभाग को जल्द ही सौंपी जाएगी। अब तक जिन बच्चों का अस्पताल में इलाज चल रहा है उनमें और किसी गंभीर बीमारी के लक्षण नहीं मिले है। बताते चलें कि बिहार में इस समय वायरल फीवर का कहर लगातार जारी है। राज्य के सभी सरकारी अस्पताल के बेड फुल हैं। वहीं एसकेएमसीएच, जीएमसीएच सहित कई अस्पतालों में एक बेड पर दो-दो बच्चों का इलाज किया जा रहा है ।
इधर बिहार में तेजी से H1N1 वायरस यानी कि स्वाइन फ्लू का भी खतरा तेजी से बढ़ रहा है। पटना के राजाबाजार स्थित एक निजी अस्पताल में स्वाइन फ्लू के दो मरीज भर्ती कराए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग स्वाइन फ्लू के मरीज के आने के बाद अलर्ट मोड पर आ गई है।वहीं मरीज का इलाज जारी है और हालत स्थिर बताया जा रहा है।