वाणीश्री न्यूज़, वैशाली। जिला पदाधिकारी वैशाली वर्षा सिंह द्वारा समाहरणालय वैशाली कार्यालय प्रकोष्ठ में आयोजित “जनता दरबार” कार्यक्रम में आमजन की समस्याओं का गंभीरतापूर्वक अवलोकन एवं निस्तारण किया गया। जनता दरबार में कुल 111 परिवाद प्राप्त हुए, जिनमें जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए नागरिकों ने अपनी समस्याएं सीधे जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कीं।
जनता दरबार के दौरान जिला पदाधिकारी द्वारा सभी संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया कि प्राप्त परिवादों पर सात (7) दिनों के भीतर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करते हुए प्रतिवेदन जन शिकायत कोषांग को उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निष्पादन में किसी प्रकार की लापरवाही अथवा विलंब स्वीकार्य नहीं होगा।
आज प्राप्त परिवाद राजस्व एवं भूमि सुधार, शिक्षा, पुलिस अधीक्षक कार्यालय, अवर निबंधक, आवास, विद्युत, डी०एस०ओ०, आई०सी०डी०एस०, आर्म्स, स्वास्थ्य, जीविका, आपदा प्रबंधन, निर्वाचन, सामाजिक सुरक्षा सहित अन्य विभागों से संबंधित रहे। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर मामलों की जांच कर त्वरित, पारदर्शी एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उल्लेखनीय है कि सात निश्चय–3 के अंतर्गत “सबका सम्मान–जीवन आसान” कार्यक्रम के तहत जिला, अनुमंडल, प्रखंड एवं थाना स्तर पर भी जनता दरबार का नियमित आयोजन किया जा रहा है। आज जिला, अनुमंडल, प्रखंड एवं थाना स्तर पर कुल मिलाकर 208 आवेदनों का अवलोकन एवं निस्तारण सुनिश्चित किया गया।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है। जनता दरबार एक सशक्त मंच है, जिसके माध्यम से आमजन सीधे प्रशासन तक अपनी समस्याएं पहुँचा सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्राप्त परिवादों के निष्पादन में संवेदनशीलता एवं गंभीरता बरतते हुए समयसीमा का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
जनता दरबार कार्यक्रम में सहायक समाहर्ता, अपर समाहर्ता वैशाली, अनुमंडल पदाधिकारी हाजीपुर, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, निदेशक डीआरडीए, जिला विकास पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, भूमि सुधार उप समाहर्ता, वरीय उपसमाहर्ता, सहायक निदेशक जिला सामाजिक सुरक्षा कोषांग, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी शिक्षा विभाग, जिला कल्याण पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।
