वैशाली, 17 अप्रैल 2026: जिले में एलपीजी आपूर्ति व्यवस्था को पारदर्शी, सुचारु एवं उपभोक्ता-हितैषी बनाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा व्यापक पहल की जा रही है। जिला पदाधिकारी श्रीमती वर्षा सिंह (भा.प्र.से.) के नेतृत्व में इस दिशा में लगातार निगरानी और ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
जिला आपूर्ति पदाधिकारी के अनुसार, 16 अप्रैल 2026 तक जिले में कुल 67 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं, जिनके माध्यम से 8,06,738 उपभोक्ताओं को एलपीजी की आपूर्ति की जा रही है। इनमें इंडियन ऑयल के 4,46,727, भारत पेट्रोलियम के 1,82,685 तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 1,77,326 उपभोक्ता शामिल हैं।
प्रशासन द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 15 अप्रैल तक जिले में प्रतिदिन औसतन 14,582 गैस सिलेंडरों की डिलीवरी की जा रही है। वहीं, 68,479 लंबित बुकिंग को शीघ्र निष्पादित करने के लिए विशेष निगरानी रखी जा रही है। वर्तमान में औसत बैकलॉग 4.7 दिनों का है, जिसे कम करने के लिए लगातार प्रयास जारी हैं।
डीएम के निर्देश पर गैस एजेंसियों की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है। कालाबाजारी और अनियमितताओं पर रोक लगाने के लिए दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। साथ ही, शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में अंतिम उपभोक्ता तक समयबद्ध आपूर्ति सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी गैस एजेंसियों को अपने कार्यालय के बाहर सूचना पट्ट पर स्टॉक और वितरण तिथि प्रदर्शित करने का निर्देश दिया गया है, ताकि उपभोक्ताओं को स्पष्ट जानकारी मिल सके।
इसी क्रम में 16 अप्रैल को 21 गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण किया गया। उपभोक्ताओं की शिकायतों के त्वरित समाधान हेतु जिला नियंत्रण कक्ष भी सक्रिय है, जहां प्राप्त 884 शिकायतों में से 838 का निष्पादन किया जा चुका है।
जिला पदाधिकारी श्रीमती वर्षा सिंह ने कहा कि उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है और एलपीजी आपूर्ति व्यवस्था पर लगातार नजर रखी जा रही है।
